Ghaziabad News : जासूसी प्रकरण में 9 और आरोपी गिरफ्तार, पांच नाबालिक, सुहैल गैंग से जुड़े थे तार
Ghaziabad News : गाजियाबाद के कौशांबी जासूसी प्रकरण में नौ और आरोपियों को पुलिस ने गिरफ्तार किया है, जिनमें पांच नाबालिग हैं। चार अन्य आरोपी गणेश, गगन, दुर्गेश व विवेक सुहेल गैंग से सीधे जुड़े है। ये सभी पाकिस्तान में बैठे 'सरदार' के निर्देश पर काम कर रहे थे।गिरफ्तार हुए दो लोग पार्सल लाने-ले जाने का काम भी करते थे। जासूसी के तार दुबई से जुड़े हैं। भोवापुर से गिरफ्तार आरोपी सीसीटीवी डेटा और उपकरण दुबई भेज रहे थे। पाकिस्तानी व्यक्ति सरदार ने जनवरी और फरवरी में दो पार्सल भिजवाए थे।
सुहेल गैंग ने दिल्ली से इन पार्सल को कोरियर से दुबई भेजा। सैन्य ठिकानों और रेलवे स्टेशनों की रेकी के लिए दिल्ली की एक कंपनी के कैमरे लगे। यह कंपनी 4जी/5जी वायरलेस राउटर, छोटे यूपीएस और कृत्रिम बुद्धिमत्ता वाले कैमरे बनाती है। विशेष जांच दल की पूछताछ से कई अहम तथ्य सामने आए।
देश की जासूसी मामले के तार दुबई से जुड़े हैं। भोवापुर से गिरफ्तार हुए पाकिस्तान के लिए जासूसी करने वाले आरोपी सीसीटीवी कैमरों का डेटा व उससे जुड़े इलेक्ट्रॉनिक उपकरण दुबई भेज रहे थे। पाकिस्तानी व्यक्ति सरदार ने अपने गुर्गे से आरोपियों के पास जनवरी और फरवरी माह में दो पार्सल भिजवाए थे। इसके बाद सुहेल गैंग ने दिल्ली से इन पार्सल को कोरियर से दुबई भेजा। रिमांड के दूसरे दिन हुई पूछताछ में कई महत्वपूर्ण जानकारी आरोपियों ने पुलिस को दी है।
देश के सैन्य ठिकानों और रेलवे स्टेशनों की रेकी के लिए जिन सीसीटीवी कैमरों का इस्तेमाल किया गया वह दिल्ली की कंपनी में तैयार किए गए थे। पुलिस सूत्रों का दावा है कंपनी मुख्य रूप से सिम आधारित 4जी/5जी वाई फाई राउटर, मिनी यूपीएस और एआई कैमरे बनाने के लिए मशहूर है। कंपनी करीब सात वर्ष से काम कर रही है। पूर्व में कंपनी के ही प्रमुख अधिकारी विवादों से भी घिरे थे। जासूसी के लिए सुहेल गैंग ने इस कंपनी के ही कैमरे खरीदकर लगवाए थे। यह हाईटेक, सोलर बेस्ड और उच्च गुणवत्ता व बेहतर रेजोल्यूशन वाले थे। सूत्रों ने बताया कि एसआईटी की टीम ने दोबारा आरोपियों से पूछताछ की तो कई अहम तथ्य सामने आए हैं। उनके आधार पर जांच को आगे बढ़ाया जा रहा है।
देश की जासूसी का मामला अंतरराष्ट्रीय स्तर तक फैल चुका है। कई देशों के नाम इसमें सामने आए हैं। पहले पाकिस्तान फिर यूके व मलेशिया और सऊदी अरब का नाम भी सामने आया। मामले की प्राथमिकी कौशांबी थाने में दर्ज हुई है। वहीं, पुलिस, एनआईए, आईबी, व अन्य सुरक्षा एजेंसियों की संयुक्त टीम भी जांच कर रही है। फिलहाल यह मामला सूचनाएं भेजने का सामने आया है। इसमें किसी तरह की आतंकी हमले या अन्य किसी आतंकी तथ्य की पुष्टि होती है तब इसकी जांच एनआईए को सौंपी जा सकती है। हालांकि अभी इसकी पुष्टि नहीं है।
पुलिस जांच में सामने आया है कि दिल्ली के लाल किले के पास हुए बम धमाके के बाद सुहेल मौके पर गया था। पाकिस्तान में बैठे सरदार ने उसे धमाके वाली जगह पर जाने के निर्देश दिए थे। यहां तक कि आरोपी ने वहां पहुंचकर घटनास्थल की वीडियो और फोटो भी पाकिस्तान भेजे थे।
प्रभारी डीसीपी ट्रांस हिंडन धवल जयसवाल ने बताया कि दूसरे कैमरे को बरामद करने के बाद उसे फॉरेंसिक जांच के लिए भेजा गया है। साथ ही आरोपियों के मोबाइल से चेट रिकवर के लिए भी फॉरेंसिक व साइबर टीम जांच कर रही है। कुछ लोग चिह्नित किए गए हैं, जल्द ही उनकी गिरफ्तारी हो सकती है।

