Noida News : सीवरेज टैंक में गिरकर दो श्रमिकों की मौत,आरोपी दो ठेकेदार गिरफ्तार
Noida News : थाना सेक्टर -113 क्षेत्र के सेक्टर-115 स्थित सीवेज पंपिंग स्टेशन में बीते शनिवार को सीवेज टैंक में गिरने से दो श्रमिकों की मौत हो गई। दोनों सफाई कर रहे थे। आरोप है कि उन्हें कोई सुरक्षा उपकरण नहीं दिया गया था। जहरीली गैस के संपर्क में आने पर वे बेहोश होकर टैंक में गिर गए। पुलिस ने शिकायत के आधार पर केस दर्ज करके आरोपी ठेकेदार पुष्पेंद्र कुमार सिंह निवासी सेक्टर-41 और अजीत निवासी लडपुरा छतारी बुलंदशहर को बीती रात को गिरफ्तार कर लिया है।यह पंपिंग स्टेशन नोएडा प्राधिकरण का है। जल विभाग ने इसका काम ठेकेदार को सौंपा है।
Police Station Sector 113 Noida News : थाना सेक्टर- 113 के प्रभारी निरीक्षक कृष्ण गोपाल शर्मा ने बताया कि जनपद अलीगढ़ के मऊआखेड़ा गांव निवासी बृजेश कुमार ने शिकायत दर्ज कराई है कि शनिवार को उनके भाई खुशाल (24) और ताऊ का बेटा विकास (26) ठेकेदार अजीत और पुष्पेंद्र के कहने पर सेक्टर-115 में सीवर लाइन सफाई के लिए गए थे। उन्होंने कहा कि कुछ समय बाद अमित नाम के व्यक्ति की कॉल आई कि खुशाल और विकास की सीवर में डूबने से मौत हो गई है। बृजेश का आरोप है कि ठेकेदारों ने दोनों को कोई सुरक्षा उपकरण नहीं दिया था। ठेकेदार की लापरवाही के कारण दोनों की मौत हुई है।
वही जल विभाग के जीएम आरपी सिंह ने बताया कि इस सीवेज पंपिंग स्टेशन पर सेक्टर-116, 112, 113, सोहरखा का सीवर आता है। इसी पंपिंग स्टेशन के जरिये सेक्टर-123 एसटीपी भेजा जाता है। उनका दावा है कि सुरक्षा उपकरण व मानकों का पालन किया गया था। हालांकि अधिकारियों के इस दावे को मृतकों के परिवार झूठ करार दे रहे हैं। जीएम ने यह भी दावा किया कि मृतकों के परिवारों को 6-6 लाख रुपये का मुआवजा, अंतिम संस्कार के लिए 50-50 हजार रुपये दिलवाए गए हैं। एक मृतक की पत्नी को प्राधिकरण में संविदा पर नौकरी देने की बात भी कही गई है।
इस हादसे में दो परिवार उजड़ गए। खुशाल और विकास दोनों की शादी हो चुकी है। दोनों रोजी-रोटी की तलाश में यहां आए थे। बृजेश ने बताया कि खुशाल की दो बेटियां हैं। उनकी पत्नी सात महीने की गर्भवती भी हैं।
नोएडा प्राधिकरण के सीईओ डॉ. लोकेश एम ने कहा कि यह स्पष्ट निर्देश हैं कि बगैर सुरक्षा उपकरण के श्रमिकों से काम न कराया जाए। ऐसे में यह हादसा चिंताजनक है। पूरे प्रकरण की जांच के निर्देश जारी किए गए हैं। जल विभाग के जीएम आरपी सिंह से रिपोर्ट मांगी गई है। जीएम बताएंगे कि दो श्रमिकों की मौत कैसे हुई।

