Greater Noida News : बहनों और जीजा के उत्पीड़न के चलते महेश ने की थी परिवार सहित आत्महत्या, तीन गिरफ्तार
Greater Noida News : थाना रबूपुरा क्षेत्र के ग्राम नगला श्री पदम में रहने वाले एक ही परिवार के पांच लोगों की कल हुई संदिग्ध परिस्थितियों में मौत के मामले में मृतक के साले ने उसकी दो बहनों और बहनोई के खिलाफ मुकदमा दर्ज करवाया है। उनका आरोप है कि उनके जीजा ने अपनी बहनों और जीजा के उत्पीड़न के चलते आत्महत्या किया है। पुलिस ने तीनों आरोपियों को आज गिरफ्तार कर लिया है।
पुलिस आयुक्त श्रीमती लक्ष्मी सिंह के मीडिया प्रभारी सुबोध कुमार ने बताया कि कल सुबह को थाना रबूपुरा पुलिस को सूचना मिली कि ग्राम नगला श्री पदम निवासी एक ही परिवार के पांच सदस्यों महेश (37) पुत्र कृष्णा, ललित (35) पत्नी महेश, लड्डू (11) पुत्र महेश, मिष्टी (7) पुत्री महेश, साक्षात (3) पुत्र महेश मृत अवस्था में अपने घर पर पड़े हैं। उन्होंने बताया कि घटना की सूचना पाकर पुलिस के वरिष्ठ अधिकारी ,एंबुलेंस व फूड एंड सेफ्टी विभाग की टीम मौके पर पहुंचे।
उन्होंने बताया कि फील्ड यूनिट, फॉरेंसिक टीम द्वारा घटनास्थल का निरीक्षण किया गया। उन्होंने बताया कि मौके से वैज्ञानिक साक्ष्य संकलित किये गए। उन्होंने बताया कि जांच के दौरान पुलिस को पता चला कि मृतक महेश ने अपने एक फोन से एक वॉइस रिकॉर्डिंग करके दूसरे फोन में ट्रांसफर किया है। जिसमें उसने आरोप लगाया कि उसकी बहन सुनीता, उसके पति शेखर ने रबूपुरा स्थित उसके पैतृक निवास को उसकी मां को अपने जाल में फंसाकर अपने नाम करवा लिया है, जबकि उसकी दूसरी बहन सपना दिल्ली स्थित एक प्लाट पर कब्जा करके बैठी है। सपना अपने पति को छोड़कर अलग रह रही है। मृतक ने यह अभी कहा है कि उसकी दोनों बहने और जीजा के उत्पीड़न के चलते वह अपने परिवार सहित आत्महत्या कर रहा है। उन्होंने बताया कि इस मामले में मृतक के साले आकाश पुत्र गोपीचंद ने शनिवार की देर रात को थाना रबूपुरा में शेखर, सुनीता और सपना के खिलाफ मुकदमा दर्ज करवाया। मुकदमा दर्ज करवाने वाले व्यक्ति ने भी पुलिस को बताया है कि उसके जीजा ने कई बार उनसे बात किया था, तथा कहा था कि उनके बहनोई और बहनों के उत्पीड़न के चलते वह आत्महत्या करने को मजबूर हैं। उनका यह भी आरोप है कि मृतक के जीजा और बहने उन्हें सार्वजनिक रूप से बेइज्जत करती थी। उनके साथ दुर्व्यवहार करती थी, इसीलिए उन्होंने जहरीला पदार्थ खाकर आत्महत्या कर लिया है।
उन्होंने बताया कि इस मामले में पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता की धारा 108 के तहत मुकदमा दर्ज कर आज सुबह को तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। उन्हें न्यायालय में पेश किया जा रहा है। पुलिस को जांच के दौरान पता चला है कि मृतक की मां चंद्रावती बीमार रहती हैं। इसका फायदा उठाकर उनकी बहन और जीजा ने रबूपुरा स्थित मकान को अपने नाम करवा लिया। वही मृतक महेश की भाभी नीरज ने भी रबूपुरा थाने में पहुंचकर यह संदेह व्यक्त किया था की जमीन की विवाद में उसके देवर और देवरानी सहित उनके बच्चों की हत्या की गई है। उसने बताया था कि उनके पति की पूर्व मे मौत हो गई थी। तब से वह अपने ससुराल से अलग रह रही थी। नीरज का आरोप है कि उसकी ननदे और ननदोई उसका उत्पीड़न करते थे। उसने कहा कि उसके देवर और देवरानी काफी अच्छे लोग थे। उनका व्यवहार उसके साथ ठीक था। उसने बताया कि महेश के पिता कृष्णा ने वर्ष 2005 के आसपास नगला पदम सिंह गांव में करीब 10 बीघा जमीन खरीदी थी। वर्ष 2009 में यमुना प्राधिकरण से जमीन के बदले करीब 1.25 करोड़ रूपया मुआवजा मिला था। उनका कहना है कि यह रकम भी बेटियों को दे दी गई। प्राधिकरण से मिलने वाली 7 प्रतिशत विकसित भूखंड को भी बेटियों की देने की बात कही जा रही थी। दोनों बेटों को हिस्सा नहीं मिला।

